Breaking News -
बाल अधिकार अधिनियम 2011- बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम 2011 का शासनादेश स्कूल चलो अभियान- वर्ष 2015 स्कूल चलो अभियान शासनादेश नि:शुल्‍क यूनीफार्म- वर्ष 2015-16 नि:शुल्‍क यूनीफार्म शासनादेश परिषदीय अवकाश- वर्ष 2015 की अवकाश तालिका एवं विद्यालय खुलने की समयसारि‍णी मृतक आश्रित- मृतक आश्रित सेवा नियमावली अध्‍यापक सेवा नियमावली- अध्‍यापक सेवानियमावली 2014 साक्षर भारत मिशन- समन्‍वयक एवं प्रेरक के कार्य एवं दायित्‍व विद्यालय प्रबन्‍ध समिति- विद्यालय प्रबन्‍ध समिति के कार्य एवं दायित्‍व परिषदीय पाठयक्रम- परिषदीय विद्यालयों का मासिक पाठयक्रम प्राइमरी प्रशिक्षु भर्ती - प्रशिक्षु भर्ती शासनादेश जूनियर भर्ती- जूनियर गणित/विज्ञान भर्ती का शासनादेश शिक्षामित्र - शिक्षामित्र समायोजन का शासनादेश प्रसूति/बाल्‍यकाल - प्रसूति एवं बाल्‍यकाल अवकाश सम्‍बन्‍धी शासनादेश अलाभित/दुर्बल प्रवेश सम्‍बन्‍धी - शिक्षा का अधिकार अधिनियम के अन्‍तर्गत 25 प्रतिशत एडमिशन सम्‍बन्‍धी शासनादेश पति/पत्नी HRA शासनादेश - राजकीय सेवा में पति/ पत्नी दोनों के कार्यरत होने पर मकान किराया भत्ता आदेश अमान्य विद्यालय सम्बन्धी शासनादेश - अमान्य विद्यालय बंद करने एवं नवीन मान्यता शर्तो सम्बन्धी शासनादेश UPTET 2011 परीक्षा परिणाम - UPTET 2011 परीक्षा परिणाम का Verification करने के लिए

Wednesday, 30 September 2015

सरकारी स्कूल संबंधी आदेश मानेगी सरकार -

  • नौकरशाहों, जनप्रतिनिधियों को अपने बच्चों को परिषदीय स्कूलों में पढ़ाने का मामला
  • बेसिक शिक्षा मंत्री ने सांसदों, विधायकों, नगरीय निकायों व पंचायत प्रतिनिधियों को लिखा पत्र

लखनऊ : नौकरशाहों, जनप्रतिनिधियों, न्यायापालिका और सरकारी खजाने से वेतन व लाभ पाने वाले लोगों को अपने बच्चों को परिषदीय स्कूलों में पढ़ाने के हाई कोर्ट के आदेश का राज्य सरकार पूरी तरह अनुपालन करेगी। बेसिक शिक्षा मंत्री राम गोविंद चौधरी ने इस सिलसिले में सभी सांसदों, विधायकों, राजनीतिक दलों के प्रदेश अध्यक्षों व महासचिवों, स्थानीय नगरीय निकायों व पंचायतों के प्रतिनिधियों, आइएएस, आइपीएस, पीसीएस, पीपीएस एसोसिएशन के अध्यक्षों व सचिवों, राज्य कर्मचारियों के संगठनों, सेंट्रल व स्टेट बार एसोसिएशन को पत्र लिखा है। पत्र के माध्यम से उन्होंने हाई कोर्ट के आदेश के अनुपालन के लिए सहयोग, समर्थन और सुझाव मांगा है। इस तथ्य को शीर्ष प्राथमिकता देते हुए कि शासन-प्रशासन में बैठे लोक सेवकों, जनप्रतिनिधियों और समाज के सभी वर्गों के बच्चे परिषदीय स्कूलों में पढ़ने के लिए भेजे जाएं।

No comments:

Post a Comment